ALL अंतरराष्ट्रीय राष्ट्रीय प्रादेशिक मन्डल जनपदीय तहसील ब्लॉक गाँव राजनैतिक अपराध
कोविड-19 के संक्रमण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए विशेष सजगताऔर सतर्कता बरतने की आवश्यकता: मुख्यमंत्री
May 11, 2020 • Sun India Tv News चैनल • प्रादेशिक

कोविड-19 के संक्रमण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए विशेष सजगताऔर सतर्कता बरतने की आवश्यकता:एल-1, एल-2 तथा एल-3 कोविड अस्पतालों में 20 मई, 2020 तक 25,000 अतिरिक्त बेड की व्यवस्था करने के निर्देश
 
मेडिकल इंफेक्शन पर प्रभावी नियंत्रण के साथ-साथ यह भी सुनिश्चित कराना आवश्यक कि मण्डियों के माध्यम से संक्रमण का प्रसार किसी भी दशा में न होने पाए प्रवासी कामगारों/श्रमिकों के साथ हर स्तर पर सम्मानजनक व्यवहार किए जाने के निर्देश
 
प्रवासी कामगार/श्रमिकों को राशन किट उपलब्ध करायी जाए, निराश्रित लोगों को राशन किट के साथ-साथ एक-एक हजार रु0 का भरण-पोषण भत्ता भी दिया जाए सभी ग्राम पंचायतों और नगर निकायों के वाॅर्डों में निगरानी समितियों के गठन के निर्देश
 
अन्तर्राज्यीय/अन्तर्जनपदीय आवागमन को सुव्यवस्थित रखते हुए सुनिश्चित करें कि कोई भी व्यक्ति अवैध रूप से न आने पाए संचालित औद्योगिक इकाइयों के श्रमिकों को कार्य पर जाने के लिए प्रेरित किया जाए मेडिकल काॅलेजों की सभी गतिविधियों को और प्रभावी बनाया जाए सभी कोविड एवं नाॅन कोविड अस्पतालों के लिए अलग-अलग प्रभारी नामित किए जाएं

लखनऊ: 11 मई, 2020
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी ने कहा कि कोविड-19 के संक्रमण पर प्रभावी नियंत्रण के लिए विशेष सजगता और सतर्कता बरतने की आवश्यकता है। उन्होंने एल-1, एल-2 तथा एल-3 कोविड अस्पतालों में 20 मई, 2020 तक 25,000 अतिरिक्त बेड की व्यवस्था करने के निर्देश देते हुए कहा कि यह सुनिश्चित किया जाए कि माह के अन्त तक कोविड अस्पतालों में 01 लाख बेड उपलब्ध हो जाएं।
मुख्यमंत्री जी आज यहां अपने सरकारी आवास पर आहूत एक उच्च स्तरीय बैठक में लाॅकडाउन व्यवस्था की समीक्षा कर रहे थे। उन्होंने कहा कि मेडिकल इंफेक्शन पर प्रभावी नियंत्रण के साथ-साथ यह भी सुनिश्चित कराना आवश्यक है कि मण्डियों के माध्यम से संक्रमण का प्रसार किसी भी दशा में न होने पाए। आगामी 10 दिनों में बाहर से प्रदेश में बड़ी संख्या में प्रवासी कामगार/श्रमिक भी आएंगे। इसलिए हर स्तर पर विशेष सावधानी और सतर्कता बरतते हुए पूरी जवाबदेही के साथ कार्य किया जाए।
मुख्यमंत्री जी ने क्वारंटीन सेन्टर में साफ-सफाई के बेहतर प्रबन्ध के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि कम्युनिटी किचन व्यवस्था को और अधिक प्रभावी व सुदृढ़ बनाया जाए। होम क्वारंटीन के लिए घर भेजे जाने वाले प्रवासी कामगार/श्रमिकों को राशन किट उपलब्ध करायी जाए। निराश्रित लोगों को राशन किट के साथ-साथ एक-एक हजार रुपए का भरण-पोषण भत्ता भी दिया जाए।
मुख्यमंत्री जी ने निर्देश दिए कि यह सुनिश्चित कराया जाए कि कोई भी पैदल अथवा साइकिल या बाइक आदि से यात्रा न करें। ऐसे लोग जहां भी मिले उन्हें वहीं रोककर उनका नाम पता आदि सम्पूर्ण विवरण दर्ज करते हुए मेडिकल चेकअप के बाद उनके जनपद में भेजने की व्यवस्था की जाए। यह सुनिश्चित कराया जाए कि ऐसे लोगों का क्वारंटीन सेन्टर में स्वास्थ्य परीक्षण अवश्य किया जाए। उन्होंने प्रवासी कामगारों/श्रमिकों के साथ हर स्तर पर सम्मानजनक व्यवहार किए जाने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री जी ने सभी ग्राम पंचायतों और नगर निकायों के वाॅर्डों में निगरानी समितियों का गठन करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि इन समितियों में नेहरू युवा केन्द्र, युवक मंगल दल, स्वच्छाग्रही, ग्राम चैकीदार आदि को सम्मिलित करते हुए व्यवस्था को सुदृढ़ किया जाए। निगरानी समितियों के द्वारा यह सुनिश्चित कराया जाए कि कोई भी बाहरी व्यक्ति यदि चोरी-छिपे उनके क्षेत्र में आए तो वे प्रशासन को सूचित करें। उन्होंने अन्तर्राज्यीय/अन्तर्जनपदीय आवागमन को सुव्यवस्थित रखे जाने के निर्देश देते हुए कहा कि किसी भी स्थिति में कोई भी व्यक्ति अवैध रूप से न आने पाए।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि प्रदेश में रहने वाले प्रवासी श्रमिकों को उनकी सहमति से उनके गृह प्रदेश भेजा जा रहा है। उन्होंने प्रदेश से भेजे जाने वाले ऐसे प्रवासी श्रमिकों की जनपदवार सूची तैयार करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश से नेपाल राष्ट्र के जो लोग वापस जाना चाहते हैं, उनकी वापसी की व्यवस्था की जाए, तथा जो लोग यहां रुकना चाहते हैं, उनके लिए आवश्यक प्रबन्ध सुनिश्चित किए जाएं।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि संचालित औद्योगिक इकाइयों के श्रमिकों को कार्य पर जाने के लिए प्रेरित किया जाए। यह भी सुनिश्चित कराया जाए कि औद्योगिक इकाइयों के श्रमिकों सहित सभी कर्मियों को लाॅकडाउन अवधि के मानदेय का भुगतान हो जाए। उन्होंने श्रमिकों के लिए खाद्यान्न की व्यवस्था सुनिश्चित कराने के निर्देश भी दिए।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि विभिन्न राज्यों से प्रदेश वापस आ रहे प्रवासी कामगारों/श्रमिकों के लिए स्थापित क्वारंटीन सेन्टर, आश्रय स्थलों तथा कम्युनिटी किचन की व्यवस्थाओं में सम्बन्धित जिलाधिकारी को सहयोग प्रदान करने के लिए सभी 75 जनपदों में आई0ए0एस0 तथा वरिष्ठ पी0सी0एस0 अधिकारियों को नामित किया गया है। इन अधिकारियों को क्वारंटीन सेन्टर/आश्रय स्थल आदि पर स्वच्छता सम्बन्धी कार्यों के समन्वय की जिम्मेदारी दी जाए।
मुख्यमंत्री जी ने कहा कि मेडिकल काॅलेजों की सभी गतिविधियों को और प्रभावी बनाया जाए। सभी कोविड एवं नाॅन कोविड अस्पतालों के लिए अलग-अलग प्रभारी नामित किए जाएं। पी0पी0ई0 किट, एन-95 मास्क, सेनिटाइजर सहित सभी सुरक्षा सामग्री की पर्याप्त उपलब्धता सुनिश्चित की जाए। डाॅक्टरों सहित समस्त चिकित्साकर्मियों की संक्रमण से सुरक्षा सम्बन्धी ट्रेनिंग निरन्तर जारी रखी जाए। 
इस अवसर पर चिकित्सा शिक्षा मंत्री श्री सुरेश खन्ना, स्वास्थ्य मंत्री श्री जय प्रताप सिंह, स्वास्थ्य राज्यमंत्री श्री अतुल गर्ग, मुख्य सचिव श्री आर0के0 तिवारी, कृषि उत्पादन आयुक्त श्री आलोक सिन्हा, अवस्थापना एवं औद्योगिक विकास आयुक्त श्री आलोक टण्डन, अपर मुख्य सचिव सूचना एवं गृह श्री अवनीश कुमार अवस्थी, अपर मुख्य सचिव राजस्व श्रीमती रेणुका कुमार, अपर मुख्य सचिव वित्त श्री संजीव मित्तल, पुलिस महानिदेशक श्री हितेश सी0 अवस्थी, प्रमुख सचिव स्वास्थ्य श्री अमित मोहन प्रसाद, प्रमुख सचिव मुख्यमंत्री श्री एस0पी0 गोयल तथा श्री संजय प्रसाद, प्रमुख सचिव एम0एस0एम0ई0 श्री नवनीत सहगल, प्रमुख सचिव ग्राम्य विकास एवं पंचायतीराज श्री मनोज कुमार सिंह, प्रमुख सचिव कृषि डाॅ0 देवेश चतुर्वेदी, प्रमुख सचिव पशुपालन श्री भुवनेश कुमार, सचिव मुख्यमंत्री श्री आलोक कुमार, सूचना निदेशक श्री शिशिर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।